क्यों मनाया जाता है
शक्तिपीठों की भूमि मिथिला में आदिशक्ति भगवती दुर्गा की आराधना और समाज की रक्षा।
इतिहास और कथा
उग्रतारा स्थान (महिषी), उच्चैठ भगवती और दरभंगा राज के शक्ति मंदिरों की प्राचीन परंपरा तथा विद्यापति के भगवती गीतों से जुड़ा महापर्व।
कब मनाया जाता है
शारदीय नवरात्रि (११–२० अक्टूबर २०२६; महाष्टमी/महानवमी १९ अक्टूबर २०२६)।
कैसे मनाया जाता है
कलश स्थापना, दुर्गा सप्तशती पाठ, बेल-निमंत्रण, खोइंछा भराई और रात्रि में छिद्रयुक्त घड़े में दीप जलाकर झिझिया नृत्य।
त्योहार के बारे में
नवरात्रि की संध्या में मिथिला के गाँव-गाँव में महिलाएं सिर पर असंख्य छिद्रों वाला मिट्टी का घड़ा (झिझिया) रखकर, उसके भीतर दीप जलाकर नृत्य करती हैं और भगवती से बच्चों व ग्राम की रक्षा की प्रार्थना करती हैं।
