गीत पर घुरु
Jitiya

जितिया पावनि

मैथिली लोक संगीत आ स्वर पाठ

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वर्तमान गायन / वाचन पंक्ति (1 / 8)

जितिया पावनि बड भारी

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मैथिली बोल

जितिया पावनि बड भारी धिया-पुता के लागी करय उपवास। सिल-लोढ़ा पूजय, चिल्हो-सियार पूजय जिमूतवाहन, रक्षा करीहें। निर्जला उपवास रहली मैया ललना के दीहें आशीष हे जुग-जुग जियय मोर बबुआ इहे वरदान माँगी हे।

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