गीत पर घुरु
Vivah (Gari)

राम विवाह - गारी

मैथिली लोक संगीत आ स्वर पाठ

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जेवनार के समय, गारी गावे सखी सब

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मैथिली बोल

जेवनार के समय, गारी गावे सखी सब राम जी के खियावे, खोआ औ मलाई। दशरथ जी के दाढ़ी में, घीउ के लपेटा देखू-देखू सखी, केहन लगै छै। लक्ष्मण भैया के, नाके पर गुस्सा खाय लेल बैठल, त रुसि गेलै।

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