किएल मनाओल जाइत अछि
नवविवाहिता सबहक द्वारा पति क दीर्घायु आ सुखद गृहस्थीक कामना।
इतिहास आ कथा
नाग आ गौरीक पौराणिक कथा पर आधारित जे वैवाहिक जीवन मे भक्ति आ धैर्यक सीख दैत अछि।
कखनि मनाओल जाइत अछि
साओन मास मे १३ सँ १५ दिन धरि।
कोना मनाओल जाइत अछि
सामूहिक पूजा, बुजुर्ग महिला सँ कथा सुनब, अरिपन सँ अंगना सजाएब आ पारंपरिक गीत गायन।
पावनि क बारे मे
मधुश्रावणी मिथिलाक नवविवाहिता सबहक लेल सबसँ पैघ अग्नि-परीक्षा आ भक्ति क पर्व अछि। एहि मे १३ दिन धरि कनिया केवल अरवा भोजन करैत छथि आ माता पार्वतीक संग नाग देवताक पूजा करैत छथि। अंतिम दिन 'टेमी' दागबक रस्म होइत अछि जे पति-पत्नीक बीचक सहिष्णुता आ प्रेम कें दर्शाबैत अछि। ई पर्व मिथिलाक लोक-संस्कृति आ मौखिक परंपराक अद्भुत संगम अछि।
